Uncategorized

महाराष्ट्र का पावर सेंटर बनी एनसीपी, शिवसेना हो या बीजेपी दोनों इसी के बूते आजमा रहे दांव!

मुंबई /महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में भले ही बीजेपी शिवसेना गठबंधन की जीत हुई है, लेकिन देवेंद्र डणवीस की अगुवाई में सरकार बनाने का रास्ता अभी भी असमंजस में है। चुनाव रिजल्ट आने के तुरंत बाद शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने प्रेस कांफ्रेंस करके स्पष्ट कर दिया था कि वह ढाई-ढाई साल मुख्यमंत्री पद के फॉर्मूले से कम में मानने वाले नहीं हैं। शनिवार को शिवसेना विधायकों की हुई बैठक में भी इसी फॉर्मूले पर अड़े रहने की बात कही गई।शिवसेना ने साफ तौर से कहा है कि वह 50-50 के लिखित फॉर्मूले के आश्वासन पर ही बीजेपी के साथ सरकार बनाएंगे। शिवसेना दावा कर रही है कि लोकसभा चुनाव से पहले दोनों दलों के बीच हुई बैठक में ही 50-50 का फॉर्मूला तय हो गया था। शिवसेना कार्यकर्ता मुंबई में कई जगह आदित्य ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाने के लिए पोस्टर भी लगा चुके हैं।वहीं दूसरी तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद दिल्ली स्थित बीजेपी मुख्यालय से घोषणा कर चुके हैं कि महाराष्ट्र में देवेंद्र फडणवीस की अगुवाई में ही सरकार बनेगी। वहीं सीएम देवेंद्र फडणवीस भी कह चुके हैं उन्हें बहुमत मिला है और उनके संपर्क में दूसरे दलों के करीब 15 विधायक हैं।