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विद्यार्थियों को मिलेगा टायर मैनेजमेंट में प्रशिक्षण

जयपुर: भारतीय स्किल डेवलपमेंट यूनिवर्सिटी ने फ्लीका इंडिया के साथ एक सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत भारी वाणिज्यिक वाहनों के लिए टायर मैनेजमेंट सेवा के क्षेत्र में विद्यार्थियों को ट्रेनिंग प्रदान की जाएगी। इस सहमति पत्र पर बीएसडीयू के रजिस्ट्रार प्रो. अचिंत्य चौधरी और फ्लीका इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर श्री टीकमचंद जैन ने जयपुर में हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर बीएसडीयू के अध्यक्ष डॉ. (ब्रिगेडियर) सुरजीतसिंह पाब्ला और स्कूल ऑफ ऑटोमोटिव स्किल, बीएसडीयू के प्रिंसीपल श्री मोहनजीत सिंह वालिया भी उपस्थित थे।

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बीएसडीयू के अध्यक्ष डॉ. (ब्रिगेडियर) सुरजीतसिंह पाब्ला इस बारे में जानकारी देते हुए कहते हैं, ”जयुपर, राजस्थान में मुख्यालय वाले महत्वपूर्ण स्टार्टअप फ्लीका इंडिया के साथ किए गए इस समझौते का मकसद टायर रखरखाव सेवाओं के उभरते हुए क्षेत्र में छात्रों को प्रशिक्षण प्रदान करना और उनमें उद्यमिता कौशल विकसित करना है। किसी भी लॉजिस्टिक सेवा प्रदाता के लिए टायर की लागत उसकी परिचालन लागत का एक प्रमुख हिस्सा है। ईंधन की बढ़ती लागत और अन्य रखरखाव लागत के साथ, ट्रांसपोर्टर्स के लिए समग्र व्यवसाय का प्रबंधन करना काफी मुश्किल हो रहा है। फ्लीका इंडिया इसी मसले को हल करने की कोशिश कर रहा है और इस समझौता ज्ञापन के साथ, हमारे छात्रों को इस क्षेत्र में प्रासंगिक तकनीक को सीखने और इस दिशा में आवश्यक कॅरियर को अपनाने का भी मौका मिलेगा।”

द इंटरनेशनल मार्केट एनालिसिस रिसर्च एंड कंसल्टिंग (आईएमएआरसी) ग्रुप की एक रिपोर्ट के अनुसार टायर के वैश्विक मार्केट ने वर्ष 2017 में 3 बिलियन यूनिट्स का आंकडा छू लिया था और पिछले 7 वर्षों से टायर का वैश्विक मार्केट 4.5 प्रतिशत सीएजीआर की दर से बढ़ रहा है। फ्लीका इंडिया अपने टायर रखरखाव सिस्टम के साथ टायरों के जीवन को पहले की तुलना में और 15 प्रतिशत तक बढ़ा सकता है।

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स्कूल ऑफ ऑटोमोटिव स्किल, बीएसडीयू के प्रिंसीपल श्री मोहनजीत सिंह वालिया कहते हैं, ”फ्लीका इंडिया द्वारा प्रदान की गई इंटर्नशिप के दौरान सीखने का अवसर प्राप्त करने से छात्रों को अत्यधिक लाभ होगा और बी. वोक. की डिग्री के अंत में योग्य छात्रों को स्थायी रोजगार की पेशकश की जाएगी। उद्यमशीलता की आकांक्षा रखने वाले छात्रों को अपना खुद का फ्लीका सेंटर स्थापित करने से लाभ होगा, जिसके लिए कंपनी उनको सपोर्ट करेगी।”

फ्लीका इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर श्री टीकमचंद जैन कहते हैं, “बीएसडीयू के साथ इस साझेदारी से छात्रों को ऑन-द-जॉब प्रशिक्षण प्राप्त करने में सुविधा होगी, और हम इन उम्मीदवारों का हमारे पे-रोल पर सीधा स्वागत करेंगे। इसके अलावा, हम उन छात्रों को हर संभव सहायता प्रदान करने की कोशिश करेंगे जो अपने मूल स्थानों पर टायर प्रबंधन सेवाएं शुरू करने की इच्छा रखते हैं। हम अपने ग्राहकों को बेहतर सेवाएं देने और भविष्य के विकास के लिए आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस सेवाएं भी प्रदान कर रहे हैं।”

ध्यान देने योग्य बात यह है कि फ्लीका इंडिया रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन तकनीक का उपयोग करके टायरों के जीवनचक्र में संपूर्ण माइलेज को ट्रैक करता है।

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