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देश व बिहार के सर्वांगीण विकास के लिए नॉलेज शेयर करें ब्रिटिश छात्र : तेजस्वी

ब्रिटिश पार्लियामेंट व कैंब्रिज विवि में राजद नेता बोले

पटना : रिपोर्ट – अनमोल कुमार। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने ब्रिटिश संसद में एनआईएसएयू द्वारा आयोजित एक गोष्ठी में भारतीय मूल के सांसदों, शोधार्थियों, व्यवसायियों, प्रोफेसरों और भारतीय मूल के लोगों को सम्बोधित करते हुए भारत-ब्रिटेन संबंधों को और बेहतर बनाने के अलावा प्रजातांत्रिक मूल्यों, न्याय, समता और अभिव्यक्ति की आजादी के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला। ब्रिटिश पार्लियामेंट में भारतीय मूल के विद्यार्थियों के साथ संवाद के दौरान राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि ब्रिटेन के छात्र देश और बिहार के सर्वांगीण विकास के लिए नॉलेज शेयर करें और उनसे लगातार संवाद बनाए रखें। इसके पूर्व उन्होंने कैंब्रिज विश्वविद्यालय में बोलते हुए कहा था कि RSS और भाजपा की सरकार ने देश में अराजक व नफरत का माहौल बना रही है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बिहार को नई पहचान मिली : राजद
राजद प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने कहा कि ब्रिटिश संसद से पहले तेजस्वी यादव ने अपने लंदन प्रवास के दौरान विश्व प्रतिष्ठित कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय और ब्रिज इन्डिया के अंतरराष्ट्रीय मंच से विभिन्न विषयों पर व्यक्त अपने उदगारों द्वारा बिहार को गौरवान्वित किया है। उन्होंने कहा कि इतनी कम उम्र में एक राजनेता के रूप में तेजस्वी यादव द्वारा अंतरराष्ट्रीय मंच को संबोधित करना बिहार के लिए ही नहीं बल्कि देश के लिए गर्व की बात है। इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बिहार को एक नई पहचान मिली है।
तेजस्वी यादव ने दुनिया के नामचीन कैंब्रिज विश्वविद्यालय में छात्रों के साथ आयोजित संवाद कार्यक्रम में देश और बिहार के सर्वांगीण विकास तथा लोकतंत्र, विपक्ष का भविष्य, भूमिका व एकता पर अपने विचार रखे एवं छात्रों के सवालों के जवाब दिए।
अपने संबोधन व चर्चा के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि हम एक बेहतर और विकसित भारत के लिए लड़ रहे हैं। हमारी लड़ाई किसी व्यक्ति से नहीं, बल्कि नफरत व आर्थिक/सामाजिक असमानता फैलाने वाली फासीवादी विचारधारा से है। हमारी लड़ाई बेरोजगारी, गरीबी, गैर-बराबरी, सांप्रदायिकता और असंवेदनशील पूंजीवाद के खिलाफ है।
भारत में लोकतंत्र की अपनी चुनौतियां
तेजस्वी ने कहा कि भारत में लोकतंत्र की अपनी चुनौतियां हैं और तमाम बाधाओं के बावजूद हम लोकतंत्र के लोकाचार को बनाए रखने में सफल रहे हैं। भारतीय लोकतंत्र की जड़ें जनता के संघर्ष में परिलक्षित होती हैं, जिसे हम समय-समय पर देखते हैं न कि समय-समय पर होने वाले चुनावों में। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) व भाजपा की सरकार ने देश में अराजक व नफरत का माहौल बना दिया है।

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