Site icon OmExpress

ऑनलाइन ऑफलाइन सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई होगी न्यायधीश सूद

” आपदा पीड़ित और बाल विवाह रोकथाम ” अभियान

झुंझुनू ,(दिनेश शर्मा “अधिकारी”)। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से राजस्थान विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर आपदा पीड़ित और बाल विवाह रोकथाम अभियान पर आमजन में जागरूकता लाने की संख्या में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन जिला न्यायालय में किया गया
झुंझुनू जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव न्यायधीश दीक्षा सूद ने बताया कि आपका पीड़ितों को विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से “विधिक सेवाएं योजना – 2010″ और ” बाल विवाह रोकथाम” विषय में यह योजना पीड़ितों को सरकारी और गैर सरकारी एजेंसी द्वारा तत्काल सहायता सुनिश्चित की जाएगी । तत्काल राहत पहुंचाने के लिए सरकार के विभिन्न विभाग और गैर सरकारी संस्थाएं इस संबंध में समन्वय स्थापित कर ,राहत सामग्री के वितरण और पर्यवेक्षण, अस्थाई शरण स्थली का निर्माण ,पीड़ितों को सुरक्षित सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने का कार्य भी विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यों में शामिल है। न्यायधीश सूद ने बताया कि अप्रैल से जून तक बाल विवाह रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है ।

बाल विवाह की सूचना प्राप्त होने पर त्वरित कार्यवाही की जावेगी इसके लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों प्रकार के सूचना तंत्र मौजूद हैं , जिससे अधिक से अधिक लोगों को इस सामाजिक बुराई के प्रति जागरूक किया जा सके । वर्तमान में बालिकाओं को शिक्षा देना जरूरी है बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराई को प्रभावी ढंग से खत्म करने पर ही महिला और बालिकाओं का समुचित विकास संभव है इसमें आमजन को जनप्रतिनिधियों और प्रशासन का सहयोग देना चाहिए। अपने आसपास भी अगर इस तरीके की बुराई अगर समाज में दिखाई दे रही हैं तो कंट्रोल रूम पर तुरंत सूचित करें।

Exit mobile version