बीकानेर – पीसीसी सदस्य गोपाल गहलोत अपनी घोषणा के अनुसार बिजली कम्पनी Bkesl के इस महामारी के समय में विधुत राशि वसूल करने के विरोध स्वरूप आमरण अनशन आरम्भ किया।
युवा कांग्रेस नेता फिरोज भाटी ने बताया कि गहलोत ने कंल 14 अप्रैल को अम्बेडकर जयंती के अवसर पर एक दिवसीय उपवास भी किया एंव आज 15 अप्रैल को अपने निवास स्थान पर ही 5 सूत्री मांगो को लेकर आमरण अनशन प्रारंभ किया था। आज ही प्रदेश के ऊर्जा मंत्री डॉ बी डी कल्ला ने दूरभाष द्वारा गोपाल गहलोत से वार्ता कर मांगो को आमजन हितार्थ मानते हुवे बिजली कम्पनी को आदेश लिखित में जारी कर गहलोत का अनशन तुड़वाया।
अधिकतर मांगो को मान लिया है इसके अलावा बाकी रही आमजन हितार्थ 2 मांगो पर मुख्यमंत्री से वार्ता कर आदेश जारी करने का आश्वासन भी दिया है। तत्पश्चात ज्यूस पीकर अनशन को समाप्त किया। आज गोपाल गहलोत के शहर वासियों के प्रति उठाये गए कदम पर खुशी जाहिर की है।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता गोपाल गहलोत ने कहा कि बिजली कम्पनी की आम उपभोक्ता के साथ इस गंभीर समय मे की जा रही तानाशाही के विरोध में मेने यह कदम उठाया था, जहां एक तरफ अशोक गहलोत इस विकट समय मे प्रदेश वासियों के प्रति काफी सवेदंनशील है। सभी आमजन को ज्यादा से ज्यादा राहत देने हेतु प्रदेश सरकार द्वारा नए नए प्रस्ताव पारित कर रही है । पूर्ववर्ती भाजपा सरकार ने इस बिजली कम्पनी के साथ एमओ कर बीकानेर शहर के आम उपभोक्ताओं को पीड़ित करने का काम किया था जबकि उनके गृह क्षेत्र झालावाड़ में बिजली छीजत बीकानेर से ज्यादा प्रतिशत में है।
मानी गई मांगे –
1. बिजली कम्पनी की वैन राशि वसूल करने किसी भी क्षेत्र में नही जाएगी।
2. ऑन लाइन बिल जमा करवाने पर उपभोक्ता को छूट दी जावे।
3. अभी 2 माह के बिजली बिल को स्थगित करा जाए, आगे आने वाले बिल में पिछले इन 2 माह की जुड़ी हुई राशि पर कोई ब्याज एंव पेनल्टी नही लगाई जाए।
◆ इन 2 मांगों को मुख्यमंत्री से वार्ता कर लागू करने का आश्वासन दिया वो है-
1. 200 यूनिट तक आने वाले गरीब एंव मजदूर तबके के उपभोक्ताओं के बिजली बिल पूर्णतय माफ किया जाए।
2. पंजाब एंव गुजरात प्रदेश के पैटर्न पर बीकानेर में भी बिजली बिल में स्थाई शुल्क माफ़ किया जाए !!