म्हारो राजस्थान-समृद्ध राजस्थान अभियान के समापन
पर सांस्कृतिक कार्यक्रम व दल के सदस्यों का सम्मान
बीकानेर, 22 सितम्बर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय मुख्यालय माउंट आबू के एवं राजयोगा एज्यूकेशन एण्ड रिसर्च फाउण्डेशन की ओर से आयोजित ’’म्हारो राजस्थान-समृद्ध राजस्थान अभियान का समापन रविवार को औद्योगिक क्षेत्र रानी बाजार के रिद्धि-सिद्धि पैलेस में प्रेरणादायक रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम व अभियान के विद्वान सदस्यों के सम्मान के साथ हुआ।

मुख्य अतिथि राजस्थान पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्व विद्यालय के कुलपति डाॅ.विष्णु शर्मा ने कहा कि संयुक्त राष्ट्रसंघ जिन विषयों को लेकर विश्व को जागृत कर रहा है, उन्हीं को लेकर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय ने ’म्हारो राजस्थान-समृद्ध राजस्थान’’ अभियान चलाकर राष्ट्रचेतना तथा जागृति में अनुकरणीय योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि जीव मात्र के अस्तित्व को बचाए रखने के लिए जल,उर्जा व पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य, स्वच्छता, सद्भावना के लिए भारत सहित विश्व के अनेक देश कार्य कर रहे हैं। हमें अपने व आने वाले कल को बेहतर बनाने के लिए जल व उर्जा को बचाना होगा तथा पर्यावरण को संतुलित रखना होगा। एक-एक नागरिक के कार्य करने से ही देश में उर्जा व जल तथा पर्यावरण का संरक्षण हो सकेगा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय ने जो अभियान के माध्यम से अलख जगाई है उसको कायम रखना है।
विशिष्ट अतिथि अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश राम अवतार सोनी ने कहा कि अभियान के दौरान व्यसन, नशाखोरी से मुक्ति व तनाव को कम करने के लिए भी जगह-जगह कार्यक्रम आयोजित किए गए। अनेक अपराधों की जड़ व्यसन व नशाखोरी तथा तनाव है। लोगों में आध्यात्मिक व धार्मिक भावनाओं के आधार पर नशाखोरी व व्यसन और तनाव से मुक्त करने के लिए प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय की ओर से किए गए प्रयास अनुकरणीय है। सामाजिक एवं स्वयं सेवी संस्थाओं को चाहिए कि व्यापक स्तर पर अभियान चलाकर बढ़ती नशाखोरी की प्रवृति पर नियंत्रण लगाने तथा योग-ध्यान शिविरों के माध्यम से लोगों में तनाव कम करने कार्य करें। अनेक बीमारियों व अपराधों की जड़ तनाव है। उन्होंने कहा कि जल व उर्जा संरक्षण सहित अभियान में जो विषय लिए गए है वे किसी धर्म विशेष के नहीं अपितु सबके कल्याण के लिए है।

प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय माउंट आबू के राजयोगी सी.ए. बी.के. ललित माहेश्वरी ने कहा कि केन्द्र व राज्य सरकारें जिन समस्याओं को निवारण के लिए चिंतित है, उन्हीं समस्याओं के निराकरण करने, आम जन में राजयोग के माध्यम से तनाव मुक्त जीवन जीने की प्रेरणा देने प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय समर्पण भाव से कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि उर्जा व जल संरक्षण, किसान सशक्तिकरण, हृदय रोग निवारण, पर्यावरण संतुलन व तनाव मुक्ति के लिए जन जागृति का यह अभियान 4 सितम्बर को जयपुर से राजस्थान के 6 संभाग में शुरू किया गया। राजस्थान सरकार के कृषि सहित विभिन्न विभागों के सहयोग से आमजन की भागीदारी से अभियान अनुकरणीय रहा।
कोटा के बी.के. राजसिंह भाई अभियान की रिपोर्ट प्रस्तुत की उन्होंने बताया कि 4 से 21 सितम्बर तक बीकानेर संभाग में स्वच्छता एवं पर्यावरण के 40, सम्पूर्ण स्वास्थ्य एवं व्यसन मुक्ति के 68, तनाव मुक्त एवं खुशहाल जीवन के 33, दो चिकित्सा शिविर, किसान सशक्तिकरण के 13, हृदयरोग निवारण व जागरूकता के 10, बेटी बचाओं, बेटी पढ़ाओं, मूल्य शिक्षा के 6, पौधरोपण के 10, सार्वजनिक 21 कार्यक्रम, 16 स्थानों पर भव्य शोभायात्राओं, जल व उर्जा संवर्द्धन के 33 सहित कुल 282 कार्यक्रमों के माध्यम से लाखों लोगों को जोड़ा गया है। जयपुर, सीकर, झुंझनूं, चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ व बीकानेर के विभिन्न गांव-गांव ढाणी-ढाणी में विशेष वाहन के जरिए अभियान की गतिविधियों का प्रचार प्रसार किया गया तथा साहित्य वितरित किया गया। अनेक स्थानों पर अभियान दल के सदस्यों का गर्मजोशी से स्वागत किया गया। बीकानेर में एक ही दिन एक ही संस्था द्वारा 17 स्थानों पर कार्यक्रम करवाकर एक नया रिकार्ड बनाया गया। माउंट आबू के बी.के.सुमंत भाई, मेरठ के बी.के.मोहन भाई, चूरू सेवा केन्द्र की बी.के. सुमन, श्रीगंगानगर की केन्द्र की प्रभारी बी.के.मोहिनी बहन ने संस्थान की गतिविधि बताते हुए राजयोग का अभ्यास करवाया।

समारोह की अध्यक्षता करते हुए प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय की क्षेत्रीय केन्द्र प्रभारी बी.के.कमल ने कहा कि संस्थान बिना किसी धर्म व मजहब का भेद किए हुए समता भाव से आमजन में आध्यात्मिक चेतना जगाने, उनके भविष्य को राजयोग के माध्यम से सुखमय व तनाव रहित बनाने के लिए कार्य कर रहीं है। पांच शताब्दी से अधिक इस प्राचीन बीकानेर शहर में संस्थान की इस इकाई ने बीते करीब 50 वर्षों में अब तक लाखों लोगों को ज्ञान-ध्यान के माध्यम से संस्कारित व आध्यात्मिक बनाने का कार्य किया है । उन्होंने कहा कि अभियान से सीख लेकर आम लोगों के तनाव मुक्त रहने, किसानों के सशक्त व स्वावलम्बी बनने, उर्जा व जल और पर्यावरण संरक्षण के लिए निरन्तर कार्य करने की दरकार है। सेवानिवृत शिक्षा विभाग के अधिकारी सूरजा राम राजपुरोहित ने धन्यवाद ज्ञापित किया। बी.के.कमल ने अतिथियों को स्मृति चिन्ह व सौगात देकर सम्मानित किया।
विभिन्न संस्थाओं की ओर से सम्मान-
म्हारो राजस्थान समृद्ध राजस्थान अभियान में आए सी.ए. ललित माहेश्वरी, मेरठ के मोहन भाई, कोटा के राजसिंह, माउंट आबू के योगेन्द्र, जगदीश, हरीश, प्रदीप, जयपुर के मोहित व बी.के. चित्रा, मुंबई के मेघराज व डाॅ.भारती, कोलकाता के श्याम थापा, मध्यप्रदेश सागर की बी.के. नीलम, पीलीबंगा की बी.के.रानी का पूर्व पार्षद सुनील बांठिया, अरविंद मिढ्ढा, जिला उद्योग संघ के जुगल राठी, व्यापार उद्योग संघ के डी.पी.पच्चीसिया, भारत विकास परिषद के डाॅ.एस.एन.हर्ष, डाॅ.बसंती हर्ष, उमेश मेहंदीरता, डाॅ.ओ.पी.गोयल, स्वच्छता प्रहरी संस्था के अध्यक्ष मोहर सिंह, कोषाध्यक्ष सुरेश गुप्ता, समाज सेवी रामदेव अग्रवाल सहित अनेक संस्थाओं के पदाधिकारियों व प्रतिनिधियों ने शाॅल, स्मृति चिन्ह व पुष्पमालाओं से अभिनंदन किया। पूर्व में अतिथियों ने दीप प्रज्जवलित किया तथा बी.के.मीना व रजनी ने बैज लगाकर अतिथियों का स्वागत किया।
संास्कृतिक कार्यक्रम- समारोह में हुए सांस्कृतिक कार्यक्रम में विभिन्न शिक्षण संस्थाओं के विद्यार्थियों ने अभियान के विषयों पर गीत व नृत्यों की प्रस्तुतियां दी। ’’ ये पानी जिन्दगानी, रखना संभाल के’ गीत पर कशिश, वंश्किा, भूमि व अरशिंका ने नृत्य किया वहीं गिरीश? अराध्य, दिशांत, मीत ने उर्जा संरक्षण, वंशिका, प्रिंस, हिमांशु व मनमीत ने नशा मुक्ति का, कशिश, खुशी, विशाखा व आयुश ने हृदय रोग से बचने का, मंथन, नमन, दिव्याव अविका ने पर्यावरण व स्वच्छता का तथा निकिता व हरप्रीत ने किसान सशक्तिकरण का संदेश नृत्य, लघु नाटक के माध्यम से दिया।
अपना घर आश्रम में ध्यान- म्हारो राजस्थान समृद्ध राजस्थान अभियान में आए विषय विशेषज्ञों ब्रह्मकुमार व ब्रह्माकुमारी बहनों ने रविवार को रानी बाजार के अपनाघर में घर परिवार से बेघर लोगों के अभाव अभियोग सुने तथा उनको राजयोग ध्यान का अभ्यास करवाया। उन्होंने अपनाघर के आश्रितों को फल आदि वितरित किए।