– निरीक्षण अधिकारियों से का लिया फीडबैक, होम कोरोन्टाईन सत्यापन की स्थिति सन्तोषजनक

– सभी स्वास्थ्य केन्द्राें पर पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हाें पीपीई किट – नमित मेहता

जैसलमेर, 12 मई/जिला कलक्टर नमित मेहता ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि बाहर से जिले में आये जिन लोगाें को होम कोरोन्टाईन किया गया है, उनकी नियमित रूप से मोनिटरिंग करते हुए यह अच्छी तरह सुनिश्चित करें कि सारे लोग प्रभावी पालना करें।
जिला कलक्टर मेहता ने मंगलवार को जैसलमेर जिला कलक्ट्री सभाकक्ष में कोरोना संक्रमण के बचाव, लोकडाउन की स्थिति, होम आईसोलेशन की स्थिति की गतिविधियों के सम्बन्ध में हुई जिला अधिकारियों की बैठक में यह निर्देश दिये। बैठक में युआईटी सचिव अनुराग भार्गव, अतिरिक्त जिला कलक्टर ओपी विश्नाई, मुख्य कार्यकारी अधिकारी ओमप्रकाश, उपखण्ड अधिकारी दिनेश विश्नोई, उपनिवेशन उपायुक्त देवाराम सुथार के साथ ही अन्य अधिकारी एवं होम आईसोलेट के लिए नियुक्त निरीक्षण अधिकारी उपस्थित थे।

जिला कलक्टर ने होम कोरोन्टाईन लोगों के सत्यापन के लिए लगाये गये सभी अधिकारियों से पूरा फीड बैक लिया एवं निर्देशों की पालना के बारे में निरीक्षण के निष्कर्ष जानें। अधिकारियों ने बताया कि जो लोग बाहर से आकर होम आईसोलेट हैं वे उसकी नियमानुसार पालना कर रहे हैं। इसके साथ ही ग्राम स्तर पर गठित कमेटी द्वारा भी नियमित रूप से उनकी जांच की जा रही है। जिला कलक्टर ने होम क्वारेंटाईन लोगोें द्वारा निर्देशों की पालना से संबंधित विषय पर संतोष जताया।
जिला कलक्टर ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिये कि वे ऎसे लोगों की एएनएम के माध्यम से रेण्डम जांच की कार्यवाही भी कराएं। उन्होंने अधिकारियों से होम आईसोलेट लोगों द्वारा आरोग्य सेतु ऎप डाउनलोड की भी जानकारी ली तो यह स्थिति सामने आयी कि इन सभी ने ऎप डाउनलोड कर रखा है।

जिला कलक्टर ने कहा कि होम आईसोलेट लोगों के मोबाईल के माध्यम से उनकी ट्रेकिंग भी की जा रही है कि वे कितनी बार बाहर आ रहे हैं। उन्होने होम क्वारेंटाईन लोगों को स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि वे होम कोरोन्टाईन का उल्लंघन करेंगे तो उनको जिला प्रशासन द्वारा संचालित कोरोन्टाईन करने पर रखने की व्यवस्था की जायेगी। उन्होने होम कोरोन्टाईन की प्रभावी पालना के लिए उपखण्ड अधिकारियों को सतत मोनिटरिंग करने के निर्देश दिये और कहा कि होमकोरोन्टाईन की प्रभावी पालना के लिए गांव के मौजिज लोगों को भी ग्राम स्तरीय टीम में शामिल किया जाना चाहिए।
जिला कलक्टर ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिये कि सभी सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्राें पर पर्याप्त मात्र में पीपीई किट की उपलब्धता सुनिश्चित करें। उन्होने शहरी क्षेत्र के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में रेण्डम सेंपल जांच की संख्या बढ़ाने तथा बाहर से आए सभी लोगों की रेंडम सेंपल जांच कराने के निर्देश दिये। इसके साथ ही थर्मल स्केनर जांच भी प्रभावी ढंग से करने के निर्देश दिये।
उन्होंने युआईटी सचिव अनुराग भार्गव से कहा कि पोकरण व जैसलमेर में संचालित किये जाने वाले कोविड केयर सेन्टर की व्यवस्थाओं को निर्धारित मापदण्डों के अनुरूप शीघ्र प्रबन्ध सुनिश्चित किए जाएं और इस कार्य को प्राथमिकता से करने पर जोर दिया।
उन्हाेंने विकास अधिकारियों से जरूरतमंदों को वितरण की गई राशन सामग्री एवं जरूरतमन्दों को वितरित 2500 रुपये धनराशि से संबंधित विस्तार से जानकारी ली। उन्होने महानरेगा कार्यो पर शीघ्र ही 40 हजार से अधिक श्रमिक नियोजित करने के निर्देश देते हुए कहा कि इन कार्यो पर छाया-पानी की उचित व्यवस्था करने के साथ ही सोशल डिस्टेसिंग की पालना कराना भी सुनिश्चित किया जाए।