Site icon OmExpress

माता-पिता व गुरूजनों की सेवा से ही सपने होते है साकार:-भव्यगुणाश्री

जैन संस्कार पाठशाला में 150 बच्चों को मिले पुरस्कार, खिले बच्चों के चेहरे

बाड़मेर। अचलगच्छ जैन श्री संघ बाड़मेर एवं अचलगच्छ जैन युवक परिषद बाड़मेर के संयुक्त तत्वावधान एवं विदुषी साध्वी प. पू. भव्यगुणाश्री म.सा. एवं प.पू. साध्वीश्री तीर्थगुणाश्री म.सा. की पावन निश्रा में स्थानीय गुणसागरसूरि साधना भवन, बाड़मेर में चल रही जैन संस्कार पाठशाला में  150 बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।  जैन संस्कार पाठशाला में आयोजित पुरस्कार वितरण कार्यक्रम में विदुषी साध्वी प. पू. भव्यगुणाश्री म.सा. ने कहा कि जीवन में अपने माता-पिता व गुरूजनों की सेवा से ही प्रत्येक व्यक्ति के सपनों को मंजिल मिलती है । उसके सपने साकार होते है ।

श्री अचलगच्छ जैन युवक परिषद के अध्यक्ष मुकेश बोहरा अमन ने बताया कि ग्रीष्मकालीन अवकाश को देखते हुए आयोजित जैन संस्कार पाठशाला में प्रतिदिन साध्वीवृन्दों की पावन निश्रा में बच्चों को जैन धर्म की क्रियाओं व व्यवहार का ज्ञान करवाया जा रहा है । जहां पिछले सात दिनों में बच्चों ने नवकार महामंत्र से लेकर गुरूवंदन, मंदिर विधि एवं सामायिक- प्रतिक्रमण जैसी जैन धर्म की आधारभूत क्रियाओं का चित्त लगाकर अध्ययन किया और उन्हें कंठस्थ किया । जैन संस्कार पाठशाला में आयोजित पुरस्कार वितरण कार्यक्रम में जैन समाज के गणमान्य नागरिकों ने बच्चों का हौंसला बढ़ाते हुए उन्हें पुरस्कार देकर सम्मानित किया ।

वहीं बच्चों ने पुरस्कारों को पाकर खुशी का ईजहार किया और उनके चेहरों पर खुशी छलक आई । जैन संस्कार पाठशाला में पुरस्कार वितरण कार्यक्रम के दौरान श्री अचलगच्छ जैन श्री संघ, बाड़मेर के अध्यक्ष हनुमानदास बोहरा, रणजीतमल मालू, मोहनलाल पड़ाईयां, बंशीलाल जैन अयुप के संरक्षक रत्नेश श्रीश्रीमाल, अध्यक्ष मुकेश बोहरा अमन, जगदीश पड़ाईयां, हर्षा वड़ेरा, निखिल छाजेड़, चमन वड़ेरा, मोहित सिंघवीं, शुभम वड़ेरा, जय श्रीश्रीमाल, अंकुश सिंघवीं, धीरज संखलेचा सहित बड़ी संख्या में श्री अचलगच्छ जैन श्री संघ, बाड़मेर, श्री अचलगच्छ जैन युवक परिषद, बाड़मेर, श्री चिंतामणि पाश्र्व बहु मण्डल, बाड़मेर, श्री आर्यगुण समयश्री बालिका मंडल एवं चिंतामणि समर्पित ग्रुप के कार्यकर्ता एवं जैन समाज के श्रावक-श्राविकाएं तथा 150 से अधिक बच्चे उपस्थित रहे ।

Exit mobile version