नापासर।नापासर ग्राम पंचायत के ग्राम विकास अधिकारी के स्थानांतरण पर हाईकोर्ट के स्टे को एक कथित सामाजिक कार्यकर्ता रामरतन सुथार द्वारा हथकंडा बताए जाने पर अधिवक्ताओं ने रोष व्यक्त किया है। जोधपुर हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता तथा प्रदेश प्रभारी उदयभान सिंह ने कहा कि सुथार द्वारा आज हाईकोर्ट के फैसले को हथकंडा कहा है। इसे न्याय पर सवालिया निशान लगाया गया है। सुथार द्वारा फेसबुक पर लाइव आकर व्यक्तिगत द्वेषता के पीछे न्यायालय पर प्रश्नचिन्ह लगाना गलत है। इस पर अधिवक्ताओं ने सुथार को अविलम्ब गिरफ्तार करने की मांग की है। साथ ही सुथार द्वारा फेसबुक लाइव आकर दिए गए बयानों की जांच करने तथा भविष्य में ऐसा नहीं बोलने के लिए पाबंद करने की पैरवी भी की गई है।

उधर, नापासर में हुए विकास कार्यों की झूठी और निराधार शिकायतों पर भी ग्रामीणों ने रोष जताया है। ग्रामीणों ने इन शिकायतों की जांच करने आए अधिकारियों के सामने झूठी शिकायतों का विरोध भी किया। ग्रामीणों के अनुसार उनके क्षेत्र में हुए विकास कार्यों में स्तरीय निर्माण सामग्री प्रयोग में ली गई है तथा कार्यों की गुणवत्ता भी अच्दी है। कुछ शिकायती लोगों द्वारा जानबूझकर ऐसी शिकायतें की जा रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार की जा रही शिकायतों के कारण नापासर में विकास की गति रुकी है।
ग्रामीणों का कहना है कि शिकायतकर्ता सस्ती लोकप्रियता के चलते पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया के माध्यम से अर्नगल शिकायतें की जा रही हैं तथा इन शिकायतों के माध्यम से नियम विरूद्ध कार्य करवाने के लिए ब्लेकमेल किया जा रहा है। झूठी शिकायतों का विरोध करने वालो में खैराज चैधरी, कालू सिद्ध, तोलाराम खिलेरी, तोलाराम नायक, गोपी नाई, उदय कस्वां, निहाल चंद विश्नोई, सीताराम रेन, मांगीलाल गोयल, चेतन लाल गोयल, सोहनलाल नायक, रामचंद्र पूनिया, बंशीलाल भाखर, रामकिसन सोनी आदि शामिल थे।

ऐसे में बीकानेर बार एडवोकेट मुकुंद शर्मा कोशल सांखला एव दिलीप कुमार प्रशांत हर्ष विजय कुमार कल सम्भागीय आयुक्त से मिलकर ऐसे कोर्ट स्टे को हथकंडा बताने वाले के खिलाफ शीघ्र करवाई हो एव उसे गिरफ्तार किया जाए